AI समिट विवाद | भारत मंडपम में एआई डिवाइस चोरी से सुरक्षा पर सवाल
राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित वैश्विक तकनीकी कार्यक्रम के दौरान AI समिट विवाद ने नया मोड़ ले लिया है। दुनिया के सबसे बड़े एआई समिट में एक अत्याधुनिक एआई डिवाइस चोरी होने की घटना सामने आई है। इस मामले ने सुरक्षा व्यवस्था और आयोजन प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
नीयोसैपियन कंपनी के सीईओ धनंजय यादव ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी कि उनकी कंपनी भारत का पहला पेटेंटेड एआई वियरेबल डिवाइस विकसित कर रही है। इसी डिवाइस को एक्सपो में प्रदर्शित किया जा रहा था। प्रधानमंत्री के आगमन से पहले सुरक्षा जांच के दौरान स्टॉल खाली कराया गया। जब टीम शाम को लौटी, तो डिवाइस गायब मिला।
इस AI समिट विवाद के बाद दिल्ली पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है। आयोजन स्थल की सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा हो रही है। तकनीकी विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम में सुरक्षा चूक चिंता का विषय है। हालांकि, जांच पूरी होने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। यह घटना भारत की एआई छवि के लिए चुनौती बन सकती है, लेकिन पारदर्शी जांच से भरोसा बहाल किया जा सकता है।
FAQ
प्रश्न 1: AI समिट विवाद क्या है?
भारत मंडपम में एआई समिट के दौरान एआई डिवाइस चोरी की घटना को लेकर विवाद।
प्रश्न 2: डिवाइस किसने विकसित किया था?
नीयोसैपियन कंपनी ने इसे विकसित किया था।
प्रश्न 3: क्या पुलिस कार्रवाई कर रही है?
हाँ, दिल्ली पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्रश्न 4: क्या कार्यक्रम जारी है?
हाँ, कार्यक्रम निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जारी है।

