AI समिट विवाद | थरूर vs राहुल आमने-सामने
दिल्ली में चल रहे AI समिट विवाद ने सियासी माहौल गरमा दिया है। कांग्रेस सांसद शशि थरूर और नेता विपक्ष राहुल गांधी के बयान आमने-सामने आ गए हैं। राहुल गांधी ने AI समिट को ‘डिसऑर्गनाइज्ड पीआर स्पेक्टेकल’ बताया। वहीं शशि थरूर ने कहा कि बड़े अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों में कुछ गड़बड़ियां होना सामान्य बात है।
थरूर ने इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 की सराहना की। उन्होंने कहा कि दुनिया के कई नेता इसमें शामिल हुए और भारत ने AI डेवलपमेंट में मजबूत संदेश दिया। हालांकि AI समिट विवाद तब बढ़ा जब गलगोटिया यूनिवर्सिटी पर विदेशी रोबोट को अपना प्रोजेक्ट बताने का आरोप लगा। वीडियो वायरल होने के बाद यूनिवर्सिटी को एक्सपो से बाहर कर दिया गया।
कांग्रेस ने इस पूरे मामले में सरकार को घेरा। पार्टी का कहना है कि इससे देश की छवि को नुकसान हुआ। दूसरी ओर, सरकार समर्थक इसे सीखने की प्रक्रिया बता रहे हैं। AI समिट विवाद ने तकनीक और राजनीति दोनों को एक साथ ला खड़ा किया है। अब यह बहस सिर्फ प्रबंधन तक सीमित नहीं रही, बल्कि पारदर्शिता और विश्वसनीयता का मुद्दा बन चुकी है।
Sunil Sharma | The Morning Star
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
प्रश्न 1: AI समिट विवाद क्या है?
AI समिट विवाद गलगोटिया यूनिवर्सिटी के रोबोटिक डॉग मामले से जुड़ा है।
प्रश्न 2: राहुल गांधी ने क्या कहा?
उन्होंने इसे पीआर तमाशा बताया और प्रबंधन पर सवाल उठाए।
प्रश्न 3: शशि थरूर की क्या प्रतिक्रिया रही?
उन्होंने कहा कि बड़े इवेंट्स में छोटी गड़बड़ियां हो सकती हैं।

