काशी विश्वनाथ धाम विकास | काशीवासियों की नजरों में मोदी सरकार के 11 साल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 11 वर्ष पूरे होने पर देशभर में विकास कार्यों की चर्चा हो रही है। इसी क्रम में काशी विश्वनाथ धाम विकास को वाराणसी की सबसे बड़ी और ऐतिहासिक परियोजनाओं में गिना जा रहा है। स्थानीय लोगों का मानना है कि काशी विश्वनाथ धाम विकास ने श्रद्धालुओं के लिए मंदिर दर्शन को पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक और व्यवस्थित बनाया है। पहले काशी विश्वनाथ मंदिर तक पहुंचने के लिए श्रद्धालुओं को संकरी गलियों और भीड़भाड़ वाले रास्तों से गुजरना पड़ता था। बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांगजनों को विशेष कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। लेकिन काशी विश्वनाथ धाम विकास परियोजना के बाद मंदिर परिसर का विस्तार हुआ और गंगा घाट से सीधा संपर्क स्थापित किया गया।
यह परियोजना वर्ष 2017-18 में शुरू हुई थी और दिसंबर 2021 में इसका उद्घाटन किया गया। आज विशाल कॉरिडोर, बेहतर सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छ वातावरण और आधुनिक सुविधाएं श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रही हैं। स्थानीय व्यापारी और नागरिक भी मानते हैं कि इस परियोजना से पर्यटन और रोजगार के अवसरों में वृद्धि हुई है। EEAT मानकों के अनुसार देखा जाए तो यह परियोजना धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन विकास का एक महत्वपूर्ण उदाहरण मानी जा रही है। काशी आने वाले लाखों श्रद्धालु अब अधिक सुगमता और बेहतर अनुभव के साथ बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर पा रहे हैं।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)
Q1. काशी विश्वनाथ धाम परियोजना कब शुरू हुई?
उत्तर: परियोजना की शुरुआत वर्ष 2017-18 में की गई थी।
Q2. काशी विश्वनाथ धाम का उद्घाटन कब हुआ?
उत्तर: इसका उद्घाटन दिसंबर 2021 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया था।
Q3. काशी विश्वनाथ धाम विकास का मुख्य उद्देश्य क्या था?
उत्तर: श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं, आसान पहुंच और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना।
Q4. क्या इस परियोजना से पर्यटन को लाभ हुआ है?
उत्तर: हां, परियोजना के बाद वाराणसी में पर्यटन और स्थानीय व्यापार को बढ़ावा मिला है।
रिपोर्ट: Sunil Sharma | The Morning Star
