यूक्रेन युद्ध के कारण सीमित हो सकती है रूस ईरान मदद | जेलेंस्की
मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच रूस ईरान मदद को लेकर नई चर्चा शुरू हो गई है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने दावा किया है कि रूस फिलहाल ईरान को बड़े स्तर पर सैन्य सहायता देने की स्थिति में नहीं है। उनके मुताबिक रूस की सैन्य शक्ति का बड़ा हिस्सा यूक्रेन के खिलाफ जारी युद्ध में व्यस्त है।
जेलेंस्की ने एक इंटरव्यू में कहा कि यूक्रेन जंग ने रूस के संसाधनों पर भारी दबाव डाला है। इसी कारण रूस के लिए किसी अन्य संघर्ष में खुलकर हस्तक्षेप करना आसान नहीं है। इसलिए मौजूदा हालात में रूस ईरान मदद सीमित ही रह सकती है।
हालांकि जेलेंस्की ने यह भी संकेत दिया कि रूस तकनीकी स्तर पर सहयोग दे सकता है। उदाहरण के तौर पर ईरान के ‘शाहेद’ ड्रोन में रूसी इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट होने की बात सामने आई है। इससे माना जा रहा है कि तकनीकी या सीमित सैन्य सहयोग के रूप में रूस ईरान मदद जारी रह सकती है।
दूसरी ओर, मध्य-पूर्व में अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में रूस की भूमिका पर पूरी दुनिया की नजर बनी हुई है। कई विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि रूस खुलकर ईरान का साथ देता है तो वैश्विक राजनीति में नए समीकरण बन सकते हैं।
इस बीच कई देशों ने क्षेत्र में शांति की अपील की है। उनका कहना है कि युद्ध की बजाय कूटनीतिक बातचीत ही स्थायी समाधान दे सकती है।
FAQ
1. रूस ईरान मदद को लेकर जेलेंस्की ने क्या कहा?
जेलेंस्की के अनुसार रूस फिलहाल यूक्रेन युद्ध में व्यस्त है, इसलिए वह ईरान को बड़े स्तर पर मदद नहीं कर सकता।
2. क्या रूस ईरान को किसी तरह की सहायता दे सकता है?
विशेषज्ञों के मुताबिक रूस तकनीकी सहयोग या सीमित सैन्य उपकरण उपलब्ध करा सकता है।
3. मध्य-पूर्व संकट में रूस की भूमिका क्यों महत्वपूर्ण है?
रूस एक बड़ी सैन्य शक्ति है, इसलिए उसकी किसी भी कार्रवाई से वैश्विक राजनीति प्रभावित हो सकती है।

