जंगलमहल से बंगाल सरकार तक पहुंचे खुदीराम टुडू | BJP ने आदिवासी चेहरे पर जताया भरोसा
पश्चिम बंगाल की राजनीति में इस बार बड़ा बदलाव देखने को मिला है। राज्य में पहली बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने के बाद सुवेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उनके मंत्रिमंडल में शामिल हुए खुदीराम टुडू अब चर्चा का बड़ा विषय बन गए हैं। जंगलमहल क्षेत्र से आने वाले खुदीराम टुडू को BJP ने एक मजबूत आदिवासी चेहरे के रूप में आगे बढ़ाया है। खुदीराम टुडू ने विधानसभा चुनाव 2026 में बांकुरा जिले की रानीबंध सीट से शानदार जीत दर्ज की। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार को 52 हजार से अधिक वोटों से हराया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह जीत जंगलमहल क्षेत्र में BJP की मजबूत पकड़ को दिखाती है।
चुनावी हलफनामे के अनुसार खुदीराम टुडू ग्रेजुएट हैं और उनके पास लगभग 23 लाख रुपये की संपत्ति है। सबसे खास बात यह है कि उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। यही वजह है कि BJP ने उन्हें मंत्रिमंडल में अहम जिम्मेदारी दी है। राजनीतिक विशेषज्ञ मानते हैं कि खुदीराम टुडू को मंत्री बनाकर BJP ने आदिवासी समाज को बड़ा संदेश दिया है। आने वाले समय में जंगलमहल की राजनीति में उनकी भूमिका और मजबूत हो सकती है।खास रिपोर्ट में खुदीराम टुडू के राजनीतिक सफर को लेकर लोगों की दिलचस्पी लगातार बढ़ती दिखाई दे रही है।
FAQ
सवाल: खुदीराम टुडू कौन हैं?
जवाब: खुदीराम टुडू पश्चिम बंगाल के जंगलमहल क्षेत्र से जुड़े BJP नेता और रानीबंध सीट से विधायक हैं।
सवाल: खुदीराम टुडू ने किस सीट से चुनाव जीता?
जवाब: उन्होंने बांकुरा जिले की रानीबंध विधानसभा सीट से चुनाव जीता।
सवाल: BJP ने खुदीराम टुडू को मंत्री क्यों बनाया?
जवाब: BJP ने आदिवासी समाज में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल किया है।

