नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित नीति आयोग की 11वीं शासी परिषद की बैठक में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हिस्सा लिया। बैठक का मुख्य विषय ‘विकसित भारत@2047 के लिए समावेशी मानव विकास’ रहा। इस दौरान देश को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। बैठक के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि विकसित भारत मिशन देश के भविष्य का रोडमैप है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश इस लक्ष्य को हासिल करने में सक्रिय और प्रभावी भूमिका निभा रहा है। राज्य सरकार मानव विकास, सुशासन, पारदर्शिता और जनभागीदारी को विकास का आधार बना रही है।
सीएम योगी के अनुसार, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और कौशल विकास के क्षेत्र में तेजी से काम किया जा रहा है। सरकार की कोशिश है कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि विकसित भारत मिशन तभी सफल होगा जब हर नागरिक को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि केंद्र और राज्यों के बीच बेहतर समन्वय से विकसित भारत मिशन को नई गति मिलेगी। उत्तर प्रदेश प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप लगातार विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। यह बैठक वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। उत्तर प्रदेश सरकार का दावा है कि राज्य की विकास योजनाएं राष्ट्रीय विकास में अहम योगदान दे रही हैं।
FAQ
प्रश्न: विकसित भारत मिशन क्या है?
उत्तर: यह वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का राष्ट्रीय अभियान है।
प्रश्न: नीति आयोग की बैठक में कौन शामिल हुआ?
उत्तर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री और नीति आयोग के सदस्य शामिल हुए।
प्रश्न: सीएम योगी ने क्या कहा?
उत्तर: उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विकसित भारत मिशन को सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभा रहा है।
प्रश्न: बैठक का मुख्य विषय क्या था?
उत्तर: ‘विकसित भारत@2047 के लिए समावेशी मानव विकास’ बैठक का मुख्य विषय था।
