National news :- नई दिल्ली/किंशासा। वैश्विक शांति और सुरक्षा बनाए रखने में भारत के लंबे समय से चले आ रहे योगदान को एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सम्मान मिला है। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DRC) में संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन के तहत तैनात भारतीय सेना के 651 जवानों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रतिष्ठित संयुक्त राष्ट्र मेडल (United Nations Medal) से सम्मानित किया गया। यह सम्मान ‘परमानेंट ऑपरेटिंग बेस साके’ में आयोजित एक औपचारिक मेडल परेड के दौरान प्रदान किया गया।
समारोह में संयुक्त राष्ट्र मिशन के वरिष्ठ अधिकारियों और सैन्य प्रतिनिधियों की मौजूदगी में भारतीय सैनिकों को यह सम्मान प्रदान किया गया। यह मेडल उन सैनिकों को दिया जाता है जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के शांति अभियानों में अनुशासन, समर्पण और उत्कृष्ट सेवा का परिचय दिया हो।
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भारतीय सेना लंबे समय से संयुक्त राष्ट्र के शांति अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही है। अफ्रीका, एशिया और अन्य संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों में भारतीय सैनिकों ने न केवल शांति स्थापित करने में योगदान दिया है, बल्कि स्थानीय नागरिकों को मानवीय सहायता, चिकित्सा सेवाएं और सुरक्षा प्रदान करने में भी अहम भूमिका निभाई है। भारतीय सैनिकों की पेशेवर कार्यशैली और मानवता के प्रति समर्पण की विश्वभर में सराहना होती रही है।
डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो में संयुक्त राष्ट्र का शांति मिशन दुनिया के सबसे चुनौतीपूर्ण अभियानों में से एक माना जाता है। यहां तैनात भारतीय सैनिक लगातार सुरक्षा गश्त, नागरिकों की रक्षा, मानवीय सहायता और हिंसा प्रभावित क्षेत्रों में स्थिरता बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण दायित्व निभा रहे हैं। कठिन परिस्थितियों के बावजूद भारतीय जवानों ने अपने कर्तव्यों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है।
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय सैनिकों को मिला यह सम्मान न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा और विश्व शांति के प्रति उसकी प्रतिबद्धता का भी प्रतीक है। संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में भारत का योगदान दशकों से उल्लेखनीय रहा है और भारतीय सेना हमेशा सबसे भरोसेमंद योगदानकर्ताओं में शामिल रही है। यह सम्मान देश के लिए गर्व का विषय है और भारतीय सेना के साहस, अनुशासन तथा समर्पण को वैश्विक स्तर पर मिली एक और महत्वपूर्ण पहचान के रूप में देखा जा रहा है।