पहलगाम आतंकी हमला: पीएम मोदी की आपात बैठक और वैश्विक समर्थन से भारत का कड़ा संदेश
जम्मू-कश्मीर में हुए पहलगाम आतंकी हमला के बाद भारत सरकार ने आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। घटना के तुरंत बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपना विदेशी दौरा छोटा कर भारत लौटने का निर्णय लिया। दिल्ली पहुंचते ही उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी उच्चस्तरीय बैठक बुलाई, जिसमें सुरक्षा हालात और आगे की रणनीति पर चर्चा की गई। बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने भी सुरक्षा एजेंसियों के साथ अलग से समीक्षा बैठक की। इसके अलावा जम्मू-कश्मीर प्रशासन से लगातार संपर्क बनाए रखा गया।
पहलगाम आतंकी हमला की दुनिया भर में निंदा हुई है। अमेरिका, रूस, इजरायल, इटली और यूक्रेन सहित कई देशों ने भारत के प्रति समर्थन व्यक्त किया। वैश्विक नेताओं ने आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होकर खड़े रहने का संदेश दिया। इससे भारत की आतंकवाद विरोधी नीति को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूती मिली है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था और अधिक मजबूत की जाएगी। साथ ही आतंकियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की संभावना भी बढ़ गई है।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Q1. पहलगाम आतंकी हमला कहां हुआ?
उत्तर: यह हमला जम्मू-कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र में हुआ।
Q2. पीएम मोदी ने क्या कदम उठाए?
उत्तर: उन्होंने आपात बैठक बुलाकर सुरक्षा हालात की समीक्षा की।
Q3. किन देशों ने भारत का समर्थन किया?
उत्तर: अमेरिका, रूस, इजरायल, इटली और यूक्रेन सहित कई देशों ने समर्थन दिया।
Q4. गृह मंत्री अमित शाह ने क्या किया?
उत्तर: उन्होंने सुरक्षा एजेंसियों के साथ बैठक कर स्थिति की समीक्षा की।
रिपोर्ट: Sunil Sharma | The Morning Star
