CBSE :- केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने R3 (तीसरी भाषा) के मूल्यांकन के लिए नया R3 भाषा मूल्यांकन फ्रेमवर्क जारी किया है। बोर्ड के अनुसार, इस वर्ष R3 के लिए अलग से कोई CBSE बोर्ड परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी। इसका मूल्यांकन केवल स्कूल स्तर की आंतरिक परीक्षाओं (Internal Assessment) के आधार पर किया जाएगा।
CBSE ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई छात्र R3 में सफल नहीं हो पाता है, तो उसे 10वीं कक्षा में प्रमोट कर दिया जाएगा। हालांकि, CBSE सेकेंडरी (कक्षा 10) पास प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए R3 विषय में उत्तीर्ण होना अनिवार्य होगा।
फ्रेमवर्क की प्रमुख बातें
– R3 (तीसरी भाषा) का मूल्यांकन केवल स्कूल स्तर पर होगा।
– वर्ष 2026 में R3 के लिए अलग से CBSE बोर्ड परीक्षा नहीं होगी।
– R3 में असफल छात्र को 10वीं कक्षा में प्रोन्नत किया जाएगा।
– 10वीं का पास प्रमाणपत्र पाने के लिए R3 पास करना अनिवार्य होगा।
– 10वीं में R3 में असफल होने वाले छात्रों को परिणाम घोषित होने से पहले दोबारा मूल्यांकन (Re-assessment) का अवसर मिलेगा।
– 8वीं कक्षा में चुना गया तीन-भाषा संयोजन 9वीं कक्षा में भी जारी रहेगा और इन्हीं में से एक भाषा R3 के रूप में होगी।
इसके अलावा, NCERT ने छात्रों और विद्यालयों की सुविधा के लिए अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर R3 भाषा सीखने से जुड़े अध्ययन संसाधन (Learning Resources) भी उपलब्ध करा दिए हैं।
CBSE का कहना है कि इस नई व्यवस्था का उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप बहुभाषी शिक्षा को बढ़ावा देना और छात्रों पर बोर्ड परीक्षाओं का अतिरिक्त दबाव कम करना है।