इंजीनियर से झारखंड के सुपरकॉप बने IPS अमित रेणु | नक्सलियों पर लगातार कस रहे शिकंजा
झारखंड में इन दिनों Amit Renu का नाम लगातार चर्चा में बना हुआ है। सारंडा और कोल्हान के जंगलों में चल रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन के बीच IPS अमित रेणु की रणनीति को बड़ी सफलता मिल रही है। पश्चिमी सिंहभूम के एसपी के रूप में तैनात अमित रेणु ने पहले 17 ईनामी माओवादियों को मुठभेड़ में ढेर किया और फिर 25 नक्सलियों के सामूहिक आत्मसमर्पण से झारखंड पुलिस को बड़ी उपलब्धि दिलाई। देवघर निवासी IPS अमित रेणु ने Indian Institute of Information Technology Allahabad से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने ब्रिटिश टेलीकॉम में नौकरी की, लेकिन बाद में सिविल सेवा की तैयारी शुरू कर दी। IRS में चयन के बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी और वर्ष 2015 में IPS अधिकारी बने।
रांची, धनबाद और गिरिडीह में पोस्टिंग के दौरान उन्होंने कई बड़े नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाए। चाईबासा में आने के बाद उन्होंने ‘ऑपरेशन सारंडा’ और ‘ऑपरेशन मेगाबुरु’ को नई दिशा दी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक स्थानीय लोगों का भरोसा जीतना उनकी सबसे बड़ी रणनीति रही है। अब भी मिसिर बेसरा और असीम मंडल जैसे कई इनामी नक्सली सक्रिय हैं। हालांकि पुलिस का दावा है कि जल्द ही माओवादी नेटवर्क पूरी तरह कमजोर पड़ जाएगा।
FAQ
सवाल 1: IPS अमित रेणु कहां के रहने वाले हैं?
IPS अमित रेणु मूल रूप से झारखंड के देवघर के निवासी हैं।
सवाल 2: IPS अमित रेणु ने कहां से इंजीनियरिंग की?
उन्होंने IIIT इलाहाबाद से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की।
सवाल 3: ऑपरेशन मेगाबुरु क्या है?
यह झारखंड का बड़ा एंटी नक्सल अभियान है, जिसमें कई ईनामी माओवादी मारे गए।

