शिंकुन ला टनल | 15,800 फीट पर बन रही दुनिया की सबसे ऊंची सुरंग
भारत इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और इसी दिशा में शिंकुन ला टनल एक ऐतिहासिक परियोजना बनकर उभर रही है। यह सुरंग हिमाचल प्रदेश की लाहौल घाटी को लद्दाख की जंस्कार घाटी से जोड़ेगी। खास बात यह है कि शिंकुन ला टनल लगभग 15,800 फीट की ऊंचाई पर बनाई जा रही है, जिससे यह दुनिया की सबसे ऊंची मोटरेबल सुरंग बन जाएगी।इस परियोजना का निर्माण Border Roads Organisation (BRO) द्वारा किया जा रहा है। सुरंग की कुल लंबाई करीब 4.1 किलोमीटर होगी और इसकी लागत लगभग 1681 करोड़ रुपये तय की गई है। यह एक ट्विन-ट्यूब टनल होगी, जिसमें हर 500 मीटर पर क्रॉस-पैसेज बनाए जाएंगे, ताकि आपात स्थिति में सुरक्षित निकास मिल सके।रणनीतिक रूप से शिंकुन ला टनल बेहद महत्वपूर्ण है। यह सुरंग चीन सीमा के पास भारतीय सेना की आवाजाही को तेज और आसान बनाएगी। साथ ही, यह क्षेत्र में हर मौसम में कनेक्टिविटी सुनिश्चित करेगी, जिससे पर्यटन और व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा।BRO के अनुसार इस सुरंग का निर्माण कार्य 2024 में शुरू हुआ है और इसे 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Q1. शिंकुन ला टनल कहां बन रही है?
यह हिमाचल प्रदेश और लद्दाख को जोड़ने के लिए शिंकुन ला दर्रे के नीचे बन रही है।
Q2. शिंकुन ला टनल की ऊंचाई कितनी है?
यह लगभग 15,800 फीट की ऊंचाई पर बनाई जा रही है।
Q3. शिंकुन ला टनल क्यों महत्वपूर्ण है?
यह सेना की आवाजाही, पर्यटन और स्थानीय विकास के लिए अहम है।
